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बिग बॉस 19 अब अपने आखिरी पड़ाव पर है, और शो के साथ-साथ कंटेस्टेंट्स के छिपे हुए राज भी सामने आ रहे हैं. ताजा एपिसोड में वाइल्ड कार्ड कंटेस्टेंट मालती चाहर ने सिंगर अमाल मलिक को कैमरे पर एक्सपोज कर दिया. दोनों शो में आने से पहले करीबी दोस्त रह चुके हैं, जिसे अब तक उन्होंने छिपाकर रखा था.
शो के प्रोमो में दिखाया गया कि मालती ने अमाल की पोल खोल दी. इस पर अमाल बोले, "मालती जी, मंडली बैठाकर हमारी बातें कर रही हो, दुनिया को दिखाना चाहती हो कि मैं बेवकूफ हूं?" लेकिन मालती ने जवाब दिया, "अमाल, मेरे पापा तक को पता है कि हम कब और कहां मिले थे, तुम कैमरे पर झूठ क्यों बोल रहे हो?"
मालती का दावा है कि अमाल ने उन्हें पहले बैठाकर चार गाने सुनाए थे, जबकि अमाल ने कहा कि वो बस 10 मिनट के लिए मिले थे. मालती ने झल्लाकर कहा, "हम पार्टी में नहीं मिले थे, ये नैरेटिव मैंने ही बताया था. घरवालों को भी पहले से शक था कि अमाल और मालती के बीच कुछ खास रिश्ता है.
फरहाना भट्ट ने भी शो में कहा था कि अमाल का मालती के लिए सॉफ्ट कॉर्नर है. मालती अक्सर अमाल के कपड़े, चश्मा और हेयरबैंड भी इस्तेमाल करती नजर आईं. अब ये साफ है कि दोनों एक-दूसरे को शो से पहले से जानते हैं, लेकिन ये रिश्ता दोस्ती का था या कुछ ज्यादा, इसका खुलासा आने वाले दिनों में हो सकता है.
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Khai Ke Paan Banaras Wala Story: अमिताभ बच्चन की 1978 में आई फिल्म 'डॉन' को आज भी बॉलीवुड की सबसे बेहतरीन फिल्मों में गिना जाता है. इस फिल्म का गाना ‘खइके पान बनारस वाला’ जब भी बजता है, लोग खुद को थिरकने से नहीं रोक पाते लेकिन क्या आप जानते हैं कि इस सुपरहिट गाने के पीछे एक दिलचस्प कहानी छुपी हुई है? हाल ही में मशहूर गीतकार समीर ने बीबीसी हिंदी को दिए इंटरव्यू में इस गाने से जुड़ा एक खास किस्सा शेयर किया है. उन्होंने बताया कि यह गाना फिल्म का हिस्सा ही नहीं था और किशोर कुमार ने इसे गाने से पहले इनकार कर दिया था.
गाने की शुरुआत कैसे हुई?
समीर के मुताबिक, जब मनोज कुमार और जावेद अख्तर ने फिल्म ‘डॉन’ का पहला वर्जन देखा, तो उन्हें लगा कि फिल्म का दूसरा भाग बहुत एक्शन से भरा हुआ और थका देने वाला है. दोनों ने सलाह दी कि फिल्म में थोड़ी राहत के लिए एक मजेदार गाना होना चाहिए. इसके बाद निर्माता-निर्देशक ने समीर के पिता और प्रसिद्ध गीतकार अंजान को बुलाया. अंजान के पास पहले से ही ऐसा ही एक गाना ‘ये है बंबई नगरिया’ था, जो पहले हिट हो चुका था. उन्होंने कुछ वैसा ही एक नया गाना बनाने का फैसला किया, और यहीं से ‘खइके पान बनारस वाला’ का जन्म हुआ.
पहले देव आनंद ने किया था इनकार
ये जानकर आपको हैरानी होगी कि ये गाना पहले देव आनंद की फिल्म ‘बनारसी बाबू’ (1973) के लिए लिखा गया था लेकिन देव आनंद को गाना पसंद नहीं आया, इसलिए इसे ड्रॉप कर दिया गया. बाद में यही गाना ‘डॉन’ में शामिल किया गया और हिट हो गया.
किशोर कुमार का इनकार और फिर जादू
गाने को फिल्म में जोड़ने के बाद सबसे बड़ी चुनौती थी किशोर कुमार से इसे गवाना. जब वे रिकॉर्डिंग के लिए आए, तो उन्होंने गाने के कुछ शब्दों जैसे ‘चकाचक’ और ‘खइके’ को लेकर आपत्ति जताई. वे चाहते थे कि ‘खइके’ को ‘खाके’ कहा जाए. अंजान ने उनसे बहुत विनती की और समझाया कि ये शब्द बनारस की बोली का हिस्सा हैं और गाने की आत्मा हैं. आखिरकार किशोर कुमार मान गए. उन्होंने पान खाया, पीकदान मंगवाया और कहा, "मैं बस एक टेक दूंगा." जब उन्होंने वो टेक दिया, तो ऐसा लगा जैसे गाने में सचमुच बनारस का कोई देसी लड़का गा रहा हो.
सुपरहिट बन गया गाना
इस एक टेक ने इतिहास रच दिया। ‘खइके पान बनारस वाला’ आज भी लोगों की जुबान पर है और हर किसी को झूमने पर मजबूर कर देता है। अमिताभ बच्चन ने भी साल 2018 में ट्वीट कर कहा था, "ये गाना बाद में फिल्म में जोड़ा गया था, डॉन पहले ही पूरी हो चुकी थी."
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TMKOC Actress Simple Kaul Divorce: टीवी इंडस्ट्री से एक चौंकाने वाली खबर सामने आई है. मशहूर एक्ट्रेस सिंपल कौल, जिन्हें 'शरारत', 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' और 'जिद्दी दिल माने ना' जैसे शोज में देखा गया है, अब अपनी शादीशुदा जिंदगी को अलविदा कहने जा रही हैं. शादी में खटपट की खबरों के बाद अब उन्होंने खुद तलाक की पुष्टि कर दी है.
ईटाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, सिंपल कौल ने पति राहुल लूंबा से अलग होने के फैसले पर मुहर लगा दी है. दोनों की शादी साल 2010 में हुई थी. 14 साल तक साथ रहने के बाद अब कपल ने हाल ही में तलाक फाइल किया है.
आपसी रजामंदी से लिया तलाक का फैसला
सिंपल कौल ने शादी टूटने पर अपना रिएक्शन देते हुए कहा कि ये हाल ही में हुआ है और तलाक का फैसला आपसी सहमति से लिया गया है. उन्होंने कहा, "हम दोनों मैच्योर ह्यूमन हैं. हम परिवार से कहीं बढ़कर हैं. शुरुआत में ये बात मुझे हजम नहीं हुई थी कि रिश्ता खत्म हो चुका है, क्योंकि मैं उन्हें सालों से जानती हूं. जब शादी होती है तो पार्टनर और फैमिली साथ होते हैं. मुझे नहीं पता लोग कैसे किसी से अलग हो जाते हैं."
तलाक की वजह पर चुप्पी
हालांकि सिंपल ने शादी टूटने की असली वजह नहीं बताई है. अपने एक पुराने इंटरव्यू में उन्होंने शादी को लॉन्ग डिस्टेंस मैरिज बताया था. उनके मुताबिक, पति राहुल काम की वजह से काफी ट्रैवल करते थे और लंबे समय तक विदेश में रहते थे. उनके पास न होने की कमी सिंपल को हमेशा खलती थी.
सिंपल ने कहा कि वह हमेशा प्यार से जीती हैं और उन्हें जिंदगी में ढेर सारा प्यार, खुशियां और स्पिरिचुअल अवेयरनेस मिली है. यही वजह है कि अलगाव का फैसला उनके लिए आसान नहीं रहा.
करियर और पहचान
वर्कफ्रंट पर सिंपल कौल एक जानी-मानी टीवी एक्ट्रेस होने के साथ-साथ एंटरप्रेन्योर भी हैं. उन्होंने अपने करियर में कई फेमस शोज़ किए हैं और अपनी अलग पहचान बनाई है. लेकिन 'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' ने उन्हें घर घर में फेमस कर दिया है.
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Saif Ali Khan: सैफ अली खान आज बॉलीवुड के जाने-माने स्टार एक्टर हैं. उनकी फिल्में देखने के लिए फैंस हमेशा उत्साहित रहते हैं, और उन्हें क्रिटिक्स भी पसंद करते हैं. हालांकि, सैफ का करियर शुरू से ही आसान नहीं रहा. उन्होंने बॉलीवुड में अपने 30 साल के सफर में कई मुश्किलों का सामना किया.
सैफ का जन्म एक बड़े और प्रसिद्ध परिवार में हुआ. उनके पिता मंसूर अली खान पटौदी एक पूर्व क्रिकेटर थे, और उनकी मां शर्मिला टैगोर अपने समय की मशहूर एक्ट्रेस थीं. इसलिए कई लोग सोचते थे कि सैफ के लिए फिल्म इंडस्ट्री में रास्ता आसान होगा. लेकिन सैफ का कहना है कि ऐसा बिल्कुल नहीं था.
शुरुआती दिनों में उन्हें लीड रोल वाली फिल्में नहीं मिलीं. उन्होंने सेकेंड और थर्ड लीड रोल निभाए. कुछ फिल्में अच्छी भी रही, लेकिन कई बार उनकी फिल्में फ्लॉप हो गईं. सैफ ने हाल ही में एक इंटरव्यू में बताया कि एक समय उन्हें कुछ फीमेल प्रोड्यूसर हफ्ते के सिर्फ 1000 रुपये देती थीं. लेकिन इसके बदले में उनसे उनके गाल पर 10 बार किस करने की डिमांड भी की जाती थी.
सैफ का कहना है कि 90 का दशक उनके लिए सीखने का समय था. लोग कहते थे कि उन्हें इंडस्ट्री में जल्दी मौके मिले, लेकिन असलियत यह थी कि उन्हें हमेशा सबसे अच्छी फिल्में या मेन लीड रोल नहीं मिलते थे. उन्होंने इस समय में बहुत मेहनत की और अनुभव हासिल किया.
सैफ का करियर साल 2001 में आई फिल्म दिल चाहता है से बदल गया. इसके बाद उनकी फिल्में लगातार चर्चा में रहीं. उन्हें साल 2004 में आई फिल्म हम तुम के लिए अपना पहला और एकलौता नेशनल अवॉर्ड मिला. इसके बाद 2006 में आई फिल्म ओमकारा ने उन्हें क्रिटिक्स के बीच अलग पहचान दिलाई.
सैफ आज भी एक्टिंग में नए प्रयोग कर रहे हैं. उनके आने वाले प्रोजेक्ट्स में अक्षय कुमार के साथ फिल्म हैवान और रेस 4 शामिल हैं. सैफ ने अपने करियर में यह साबित कर दिया है कि परिवार की प्रतिष्ठा और मेहनत दोनों ही जरूरी हैं. उनके संघर्ष और सफलता की कहानी नए एक्टर्स के लिए प्रेरणा का स्रोत है. सैफ अली खान ने यह दिखाया है कि चाहे शुरुआती समय कितना भी मुश्किल क्यों न हो, मेहनत, धैर्य और सही मौके मिलने पर सफलता निश्चित है.