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Janhvi Kapoor Cowgirl Look: फिल्म ‘परम सुंदरी’ में दमदार एक्टिंग और ग्लैमरस अंदाज़ से फैंस को प्रभावित करने वाली जाह्नवी कपूर इन दिनों अपनी अगली फिल्म ‘सनी संस्कारी की तुलसी कुमारी’ को लेकर चर्चा में हैं. फिल्म की रिलीज़ से पहले वह अलग-अलग शहरों में प्रमोशन कर रही हैं और हर जगह अपने लुक्स से सुर्खियां बटोर रही हैं. हाल ही में उन्होंने ऐसा बोल्ड काउगर्ल लुक कैरी किया, जिसे देखकर सोशल मीडिया पर लोग उनकी तारीफ करते नहीं थक रहे.
जाह्नवी ने अपने काउगर्ल लुक के लिए ब्राउन कलर का स्ट्रैपलेस कॉर्सेट टॉप पहना था, जिसमें फ्रंट पर लेस-टाईअप डिटेल थी. यह कॉर्सेट उनके शरीर पर फिट होकर उनकी टोंड बॉडी को और उभार रहा था. कॉर्सेट का ब्राउन शेड और इसका स्ट्रक्चर्ड डिज़ाइन उनके पूरे लुक को स्टाइलिश और बोल्ड बना रहा था.
इसके साथ जाह्नवी ने शाइनी मेटैलिक स्नेकस्किन प्रिंट शॉर्ट्स पहने थे. इन छोटे और ग्लैमरस शॉर्ट्स ने उनके आउटफिट में बोल्डनेस का तड़का लगाया. कॉर्सेट की मैट फिनिश और शॉर्ट्स की शाइनी टेक्सचर के बीच का यह कंट्रास्ट उनके लुक को और भी ट्रेंडी बना रहा था.
काउगर्ल स्टाइल को कंप्लीट करने के लिए उन्होंने नुकीले क्रीम रंग के काउबॉय बूट्स पहने. ये बूट्स उनके आउटफिट को शार्प और स्टाइलिश टच दे रहे थे, जिससे उनका पूरा लुक और ज्यादा आकर्षक हो गया. जाह्नवी ने अपने इस बोल्ड अंदाज़ को ज्यादा भारी एक्सेसरीज से नहीं सजाया.
उन्होंने बस एक चंकी ब्रेसलेट पहनकर लुक को सिंपल और एलीगेंट रखा। बालों को उन्होंने मिड-पार्टिंग के साथ हल्का कर्ल करते हुए खुला छोड़ा. उनका ब्रोंज मेकअप और न्यूड लिप्स उनके चेहरे के फीचर्स को खूबसूरती से उभार रहे थे. सोशल मीडिया पर उनकी ये तस्वीरें वायरल हो गईं और फैंस ने उनके नए लुक की जमकर तारीफ की. किसी ने कहा यह उनका सबसे ग्लैमरस अवतार है, तो किसी ने लिखा कि जाह्नवी हर बार अपने फैशन से सभी को चौंका देती हैं.
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Ganesh Chaturthi in Bollywood: गणपति बप्पा के स्वागत का इंतजार उनके भक्त हर साल बेसब्री से करते हैं. देशभर में गणेश चतुर्थी का त्योहार धूमधाम से मनाया जाता है. जहां लोग भगवान गणेश की पूजा-अर्चना और भक्ति में लीन रहते हैं, वहीं इस त्योहार की झलक हमें बॉलीवुड फिल्मों में भी खूब दिखाई देती है. कई दशकों से हिंदी सिनेमा ने गणपति महोत्सव को न केवल पर्दे पर उतारा है, बल्कि अपनी कहानियों को इससे गहराई से जोड़ा भी है. फिल्मों में बने गाने, आरती और गणेश विसर्जन के दृश्य दर्शकों के दिलों में खास जगह बनाते हैं. इतना ही नहीं, कई फिल्मों के टर्निंग पॉइंट गणेश चतुर्थी के इर्द-गिर्द ही रचे गए हैं. आइए जानते हैं कुछ ऐसी फिल्मों के बारे में जहां गणपति बप्पा सिर्फ पर्दे पर नहीं, बल्कि कहानी का अहम हिस्सा बने.
गणपति गानों की शुरुआत
बताया जाता है कि 1980 के दशक से गणपति गीतों को फिल्मों में अलग पहचान मिलने लगी थी. फिल्म हमसे बढ़कर कौन (1981) में मोहम्मद रफी, शैलेंद्र सिंह और आशा भोसले की आवाज़ में गाया गया गाना देवा हो देवा गणपति देवा इतना लोकप्रिय हुआ कि आज भी हर पंडाल में बजता सुनाई देता है. इसके बाद शाहरुख खान की फिल्म डॉन का मोरेया रे और सलमान खान की फिल्म वॉन्टेड का जलवा भी लोगों की जुबान पर चढ़ गया.
अग्निपथ (1990 और 2012)
फिल्म अग्निपथ के दोनों वर्ज़न में गणपति विसर्जन का दृश्य बेहद अहम है. 1990 की फिल्म में अमिताभ बच्चन का किरदार विजय दीनानाथ चौहान विसर्जन के दौरान अपने गांव लौटता है और कहानी एक नए मोड़ पर पहुंच जाती है. वहीं 2012 की फिल्म में ऋतिक रोशन के साथ गणपति विसर्जन का जश्न बढ़ती हिंसा से जुड़कर कहानी को भावनात्मक और नाटकीय ऊंचाई देता है.
वास्तव (1999)
महेश मांजरेकर की फिल्म वास्तव मुंबई अंडरवर्ल्ड पर आधारित थी. संजय दत्त का किरदार रघुनाथ नामदेव शिवलकर और उसके दोस्त डेढ़फुटिया की कहानी में गणेश उत्सव एक प्रतीक के तौर पर दिखाई देता है. फिल्म के क्लाइमैक्स में जब पूरा परिवार आरती में शामिल होता है, तब डेढ़फुटिया पुलिस के हाथों पकड़ा जाता है और उसकी मौत एक फेक एनकाउंटर में हो जाती है. इस दृश्य ने दिखाया कि किस तरह उत्सव की भक्ति और अपराध की काली दुनिया एक साथ टकराती है.
एबीसीडी (2013)
रेमो डिसूजा की फिल्म एबीसीडी में गणपति सॉन्ग साडा दिल भी तू दर्शकों के दिलों में आज भी बसा है. यह गाना सिर्फ डांस और एनर्जी का प्रतीक नहीं था, बल्कि फिल्म में एक बड़ा मोड़ भी लाता है. जब प्रभु देवा का किरदार विष्णु अपनी टीम के साथ परफॉर्म करता है, तो मंच पर मौजूद हर कोई भावुक हो जाता है. इवेन उसका दुश्मन भी. गाने में दिखाया गया इमोशनल ड्रामा दर्शकों की आंखों में आंसू ला देता है और यही इसकी खूबसूरती है.
सत्या (1998)
रामगोपाल वर्मा की फिल्म सत्या का क्लाइमैक्स भी गणपति विसर्जन पर आधारित है. इस फिल्म में भीड़-भाड़ वाले माहौल में सत्या अपने दोस्त भीकू महात्रे की मौत का बदला भाऊ नामक नेता से लेता है. विसर्जन के दौरान होने वाली हत्या न केवल फिल्म को रोमांचक अंत देती है, बल्कि यह संदेश भी देती है कि विघ्नहर्ता गणपति बुराई का अंत करते हैं.
गणपति गाने और भक्ति का मेल
इन फिल्मों के अलावा भी कई गाने और दृश्य हैं जो गणपति उत्सव के साथ जुड़े हुए हैं. यह सिर्फ धार्मिक आस्था को ही नहीं दर्शाते, बल्कि समाज और संस्कृति को जोड़ने का काम भी करते हैं. जब लोग देवा हो देवा, मोरेया रे या साडा दिल भी तू गाते हैं, तो यह गाने पंडालों और घरों की भक्ति का हिस्सा बन जाते हैं.
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Kiku Sharda News: रियलिटी शो ‘राइज एंड फॉल’ से बाहर होते ही कीकू शारदा ने अफवाहों पर सफाई दी कि उन्होंने ‘द ग्रेट इंडियन कपिल शर्मा शो’ छोड़ दिया है. शो की ट्रॉफी जीतने से चूक जाने के बाद फैन्स में यह खबर फैल गई थी कि कीकू अब कपिल का शो नहीं करेंगे, लेकिन कॉमेडियन ने साफ कहा कि यह पूरी तरह गलत है.
जूम के साथ बातचीत में कीकू ने कहा, “मुझे कपिल का शो बहुत पसंद है. मैं इसे कभी नहीं छोड़ूंगा. मुझे शो और टीम से बहुत प्यार है. जो जादू स्टेज पर होता है, वो कमाल का होता है। मैं 13 साल से इस शो का हिस्सा हूं और जब तक शो चलता रहेगा, मैं इसका हिस्सा रहूंगा.”
कीकू की बातों से उनके फैन्स को बड़ी राहत मिली. लोग हमेशा उनकी कॉमिक टाइमिंग और कपिल शर्मा के साथ केमिस्ट्री को पसंद करते हैं. उनके 13 साल के लंबे सफर ने उन्हें टीवी की दुनिया में एक जाना-माना चेहरा बना दिया है और उनकी लगन दर्शाती है कि वे मनोरंजन के प्रति कितने समर्पित हैं.
इससे पहले कीकू और कृष्णा अभिषेक के झगड़े को लेकर भी अफवाहें उड़ी थीं. सोशल मीडिया पर उनका फाइट वीडियो वायरल हुआ, जिससे कयास लगाए गए कि दोनों में असली लड़ाई हुई. लेकिन कीकू ने यह स्पष्ट किया कि यह सिर्फ एक प्रैंक था. जब कीकू ‘राइज एंड फॉल’ में गए थे, तब भी कृष्णा ने उनका सपोर्ट किया.
कीकू का यह बयान उनके फैन्स के लिए एक संदेश है कि वे अभी भी अपने पुराने शो और टीम के साथ जुड़े रहेंगे. ‘कपिल शर्मा शो’ और उसके मंच पर कीकू की कॉमिक प्रस्तुति हमेशा दर्शकों का मनोरंजन करती रही है और आगे भी करती रहेंगी.
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Kumkum Bhagya Off Air News: टीवी की दुनिया के सबसे पॉपुलर शोज में शुमार ‘कुमकुम भाग्य’ के फैंस के लिए एक निराशाजनक खबर सामने आ रही है. रिपोर्ट्स की मानें तो 11 साल तक दर्शकों का दिल जीतने के बाद यह शो अब ऑफएयर होने जा रहा है. कम टीआरपी के चलते शो को बंद करने का फैसला लिया गया है. इसका आखिरी एपिसोड 7 सितंबर 2025 को टेलीकास्ट किया जाएगा.
शो से जुड़ी कुछ खास बातें
'कुमकुम भाग्य' की शुरुआत साल 2014 में हुई थी. शुरुआत में शो की कहानी प्रज्ञा (सृति झा) और अभि (शब्बीर अहलूवालिया) के इर्द-गिर्द घूमती थी. दोनों की ऑनस्क्रीन केमिस्ट्री और भावनात्मक कहानी ने दर्शकों को खूब पसंद आई थी. यही वजह थी कि शो सालों तक टीआरपी की रेस में टॉप पर बना रहा. शो ने कई पॉपुलर एक्टर्स को जन्म दिया, जिनमें मृणाल ठाकुर (बुलबुल का किरदार), और अन्य सितारे शामिल हैं. सृति और शब्बीर की जोड़ी को आज भी टीवी की आइकॉनिक जोड़ियों में गिना जाता है.
क्या है बंद होने की वजह?
रिपोर्ट के मुताबिक, शो को बीते कई महीनों से टीआरपी में गिरावट का सामना करना पड़ रहा था. समय के साथ शो की स्टारकास्ट में भी कई बार बदलाव हुआ, जिससे ऑडियंस का कनेक्शन टूट गया. चौथी पीढ़ी की कहानी दर्शकों को रास नहीं आई. वर्तमान में शो में प्रणाली राठौड़, अक्षय बिंद्रा और नमिक पॉल लीड रोल में हैं लेकिन दर्शकों का रिस्पॉन्स उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा. सूत्रों के अनुसार, चैनल ने शो को नया स्लॉट (शाम 7 बजे) देने की पेशकश की थी, लेकिन एकता कपूर ने इसे स्वीकार करने के बजाय शो को बंद करने का फैसला लिया.
क्या आएगा इसके बाद?
‘कुमकुम भाग्य’ की जगह अब नया शो ‘गंगा माई की बेटियां’ लेने जा रहा है, जिसे रवि दुबे और सरगुन मेहता प्रोड्यूस कर रहे हैं। शो के बंद होने को लेकर मेकर्स की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है.
फैंस में मायूसी
शो के बंद होने की खबर ने फैंस को भावुक कर दिया है. सोशल मीडिया पर लोग पुराने एपिसोड्स और सृति-शब्बीर की जोड़ी को याद कर रहे हैं. एक दशक तक टेलीविजन पर राज करने वाला ये शो अब इतिहास बनने जा रहा है. 'कुमकुम भाग्य' केवल एक शो नहीं, बल्कि दर्शकों की भावनाओं का हिस्सा बन चुका था और अब उसका अंत वाकई एक युग का अंत है.