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Weight loss with insulin resistance: आजकल बहुत से लोग बढ़ते वजन, डायबिटीज, थायरॉयड और पीसीओडी जैसी समस्याओं से जूझ रहे हैं. कई लोग हेल्दी रहने के लिए घंटों एक्सरसाइज करते हैं, डाइटिंग करते हैं लेकिन फिर भी वजन कम नहीं हो पाता. इसकी एक बड़ी वजह है – हार्मोनल इम्बैलेंस, खासकर इंसुलिन रेजिस्टेंस.
इंसुलिन हमारे शरीर का एक जरूरी हार्मोन है जो ब्लड शुगर को कंट्रोल करता है. जब हम बहुत ज्यादा मीठा या रिफाइंड कार्ब्स खाते हैं, तो शरीर में इंसुलिन की मात्रा बढ़ जाती है, जिससे फैट बर्न होने के बजाय फैट स्टोर होने लगता है. इसलिए अगर आप वाकई में वजन कम करना और हेल्दी रहना चाहते हैं, तो सिर्फ डाइट और वर्कआउट नहीं, बल्कि ये 3 सीक्रेट्स भी अपनाइए:
मीठा और रिफाइंड चीजें जैसे वाइट ब्रेड, मैदे वाले फूड्स (भटूरे, कुलचा, केक) और पैकेज्ड चीजें खाने से बचें
ज्यादा फ्रुक्टोज (हनी, किशमिश, अंजीर जैसे ड्रायफ्रूट्स) भी इंसुलिन बढ़ा सकता है
बार-बार खाना खाने की आदत भी इंसुलिन लेवल को बढ़ा देती है – इसलिए फिक्स टाइम पर खाएं
इंफ्लेमेशन यानी शरीर में सूजन, जो मोटापा और थकान का कारण बनती है. इसे कम करने के लिए:
रंग-बिरंगे फल, हरी सब्जियां और साबुत अनाज खाएं
पैकेज्ड और डीप फ्राइड फूड्स से दूर रहें
हल्दी, अदरक, लहसुन जैसी एंटी-इंफ्लेमेटरी चीजें शामिल करें
वजन घटाने की जर्नी सिर्फ शारीरिक नहीं होती, ये एक मेंटल जर्नी भी होती है.
छोटे-छोटे टारगेट सेट करें और पॉजिटिव सोचें और डाइटिंग को सज़ा नहीं, खुद के लिए इनाम समझें
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Homemade Veg Soup Powder: सर्दियों में शरीर को गर्म, हल्का और पौष्टिक खाना चाहिए होता है. वेजिटेबल सूप सबसे अच्छा ऑप्शन माना जाता है. यह न सिर्फ शरीर को गर्म रखता है बल्कि इम्यूनिटी भी बढ़ाता है, डाइजेशन बेहतर करता है और तुरंत एनर्जी देता है. मार्केट में मिलने वाले सूप पाउडर में अक्सर मैदा, MSG, प्रिजर्वेटिव और फ्लेवर भरे होते हैं, जो बच्चों और बड़ों दोनों के लिए अनहेल्दी होते हैं. इसलिए, घर पर वेजिटेबल सूप पाउडर बनाना सबसे अच्छा और सेफ तरीका है.
घर पर सूप पाउडर बनाने के लिए, सबसे पहले सात सबसे पौष्टिक सब्जियां (गाजर, टमाटर, चुकंदर, शिमला मिर्च, पत्तागोभी, मटर और अदरक) चुनें. इनमें विटामिन A, C, K और आयरन भरपूर होता है, जो सर्दियों में इम्यूनिटी को मजबूत करते हैं. पोषक तत्वों को खोने से बचाने के लिए इन्हें स्टीम या हल्का उबाल लें. इसके बाद, सब्जियों को अच्छी तरह सुखाकर बारीक पीस लें. आप इसमें काली मिर्च, हल्दी, अजवायन और सेंधा नमक भी मिला सकते हैं. यह पाउडर न सिर्फ स्वाद बढ़ाता है बल्कि गर्मी, हीलिंग प्रॉपर्टीज और मेडिसिनल गुण भी देता है.
बारीक पिसे हुए पाउडर को एयरटाइट जार में स्टोर करें; यह 3-4 महीने तक फ्रिज में रखा जा सकता है. सूप बनाने के लिए, बस एक बड़ा चम्मच पाउडर लें, उसमें एक कप गर्म पानी और थोड़ा घी या मक्खन मिलाएं. सिर्फ़ 2 मिनट में एक हेल्दी, गर्म और पौष्टिक सूप तैयार हो जाता है. यह बच्चों, बुज़ुर्गों और बीमार लोगों के लिए हल्का और आसानी से पचने वाला ऑप्शन है.
इस सूप के कई फ़ायदे हैं. यह डाइजेशन में मदद करता है और ब्लोटिंग कम करता है. विटामिन C और बीटा-कैरोटीन तुरंत इम्यूनिटी बूस्ट करते हैं. गर्म सब्ज़ियां और मसाले ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाते हैं और सर्दियों की अकड़न को कम करते हैं. हल्का, ज़्यादा फाइबर और कम कैलोरी वाला होने के कारण, यह वज़न बनाए रखने में भी मदद करता है.
सर्दियों में लोग अक्सर कम पानी पीते हैं, जिससे डिहाइड्रेशन का खतरा बढ़ जाता है. इससे सिरदर्द, थकान, ड्राई स्किन, गहरे रंग का यूरिन और कमज़ोरी जैसी समस्याएं हो सकती हैं. बुज़ुर्ग, बच्चे और प्रेग्नेंट महिलाएं खास तौर पर कमज़ोर होते हैं. गुनगुना पानी पीना, दिन भर में थोड़ी-थोड़ी मात्रा में पानी पीना और सूप या हर्बल ड्रिंक्स पीना जैसी आसान सावधानियां शरीर को हाइड्रेटेड रखती हैं.
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Winter Skin Care Foods: ठंड का मौसम आते ही हवा में नमी कम हो जाती है. इसी वजह से स्किन ड्राई, रूखी और बेजान दिखने लगती है. मॉइस्चराइजर थोड़ी देर के लिए राहत जरूर देता है, लेकिन असली नमी और ग्लो तभी आता है जब शरीर को अंदर से पोषण मिले. अच्छी बात यह है कि हमारे किचन में कई ऐसे देसी सुपरफूड्स मौजूद हैं जो ठंड के मौसम में स्किन को प्राकृतिक तरीके से हेल्दी, सॉफ्ट और ग्लोइंग बनाते हैं। बस इन्हें अपनी रोजमर्रा की डाइट में शामिल करने की जरूरत है.
1. पालक
सर्दियों में पालक स्किन के लिए किसी वरदान से कम नहीं. इसमें आयरन, एंटीऑक्सीडेंट और विटामिन C भरपूर मात्रा में होते हैं, जो ब्लड सर्कुलेशन को बेहतर बनाते हैं और स्किन को अंदर से पोषण देते हैं. आप पालक का सूप पी सकते हैं, इसे ऑमलेट में मिला सकते हैं या पालक-पनीर बनाकर खा सकते हैं. इससे चेहरे पर नेचुरल ग्लो आता है.
2. घी
घी में मौजूद हेल्दी फैट स्किन की नमी को लॉक करते हैं. ठंड में रोजाना 1 चम्मच घी खाने से शरीर को गर्मी मिलती है और स्किन ड्राई होने से बचती है. इसे आप रोटी पर लगाकर, दाल में मिलाकर या कॉफी में डालकर ले सकते हैं.
3. आंवला
आंवला सर्दियों का सुपरफ्रूट माना जाता है. यह स्किन को टाइट रखने, झुर्रियां कम करने और एंटी-एजिंग में मदद करता है. आप ताजा आंवला खाएं, इसका जूस पिएं या चटनी के रूप में सेवन करें.
4. मौसंबी
मौसंबी पानी से भरपूर होती है और पेट पर भी हल्की पड़ती है. ठंड में इसे रोजाना पीने से स्किन हाइड्रेट रहती है और डाइजेशन भी अच्छा रहता है. जब पेट साफ रहता है, तो चेहरा खुद-ब-खुद चमकने लगता है.
5. बादाम
बादाम स्किन को अंदर से सॉफ्ट और हेल्दी बनाने में मदद करते हैं. रोज 5–7 भीगे हुए बादाम खाने की आदत डालें. चाहें तो बादाम दूध या बादाम बटर भी ले सकते हैं.
कैसे बनाएं अपनी विंटर स्किन डाइट?
सुबह के नाश्ते में पालक वाला ऑमलेट, आंवला और 5–7 बादाम जरूर शामिल करें. कुछ देर बाद एक गिलास मौसंबी का जूस पिएं. लंच या डिनर में रोटी पर हल्का घी लगाकर खाएं. यह रूटीन आपकी स्किन को भीतर से पोषण देगा, जिसका असर चेहरे पर साफ दिखेगा.
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Bajra Health Benefits: सर्दी के मौसम में शरीर को गर्म रखने के लिए बहुत सारे देसी उपाय होते हैं. काढ़ा बनाने से लेकर या हल्दी वाला दूध पीने से शरीर को ठंड से बचाया जा सकता है. लेकिन ये चीजें शरीर को ऊर्जा प्रदान नहीं करतीं. ऐसे में बाजरा एक ऐसा अन्न है, जो ऊर्जा के साथ-साथ कई बीमारियों से भी बचाता है. सिर्फ खाना ही नहीं, बाजरे का पानी भी शरीर के लिए लाभकारी होता है.
बाजरा एक ग्लूटेन मुक्त अनाज है. बाजरे की तासीर गर्म होती है तो इसका इस्तेमाल मुख्यत: सर्दियों में किया जाता है, लेकिन राजस्थान में हर सीजन में बाजरे का सेवन किया जाता है. राजस्थान, उत्तर प्रदेश, मध्यप्रदेश, बिहार, कर्नाटक, और गुजरात में बाजरे की खेती की जाती है और पशुओं को भी आहार के तौर पर दिया जाता है.
बाजरा तासीर में गर्म होने के साथ कई गुणों से भरपूर होता है. बाजरे में आयरन, फाइबर, प्रोटीन, मैग्नीशियम, कैल्शियम, जिंक और पोटेशियम होता है. इसमें विटामिन बी1, बी2, बी3 और बी6 सबसे अधिक मात्रा में पाए जाते हैं. ऐसे में बाजरा युक्त खाद्य पदार्थों को अपने खाने में शामिल करना अच्छा रहेगा. बाजरा युक्त खाद्य पदार्थ सेहत के लिए काफी फायदेमंद माने गए हैं. बाजरा युक्त खाद्य पदार्थ न सिर्फ कुपोषण दूर करने में मदद करते हैं, बल्कि ये संभावित प्रीबायोटिक और प्रोबायोटिक्स भी माने जाते हैं.
बाजरे का सेवन करने से हड्डियों को मजबूती मिलती है. बाजरे में कैल्शियम होता है, जो हड्डियों को मजबूत बनाने में मदद करता है. बाजरे का सेवन करने के अलग-अलग तरीके हैं. इसके लिए बाजरे की रोटी, बाजरे की टिक्की, बाजरे की रोटी और खिचड़ी बनाई जा सकती हैं. बाजरे को भिगोकर सुबह उसका पानी पीना भी फायदेमंद होता है.
बाजरे में मैग्नीशियम और पोटेशियम सही मात्रा में होते हैं, जो ब्लड शुगर को कंट्रोल करते हैं. अगर बाजरे का सेवन रोजाना सही मात्रा में किया जाए तो ये शरीर के लिए लाभकारी होगा. अगर बाजरा खाने से कब्ज की समस्या बनती है, तो एक-एक दिन छोड़कर इसका सेवन किया जा सकता है. कुछ लोगों को बाजरे से पाचन संबंधी समस्या हो सकती है. ऐसे में सेवन कम मात्रा में करें. इसके अलावा बाजरा के सेवन से डायबटिज नियंत्रित रहती है, वजन कंट्रोल रहता है, शरीर को डिटॉक्स करने में मदद मिलती है और ऊर्जा और शक्ति भी मिलती है.