प्रतीकात्मक तस्वीर
Indian Govt Guidelines for WhatsApp Users: अगर आप ऑफिस के कंप्यूटर या लैपटॉप पर WhatsApp Web चलाते हैं, तो अब सावधान हो जाइए. सरकार ने साफ चेतावनी दी है कि ऐसा करना आपके निजी चैट, फाइल और डेटा को खतरे में डाल सकता है.
भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने लोगों को ऑफिस के कंप्यूटर और लैपटॉप पर WhatsApp Web इस्तेमाल करने से मना किया है. मंत्रालय की ओर से जारी सार्वजनिक सलाह में कहा गया है कि यह आदत न केवल आपकी निजी जानकारी को खतरे में डालती है, बल्कि आपके ऑफिस के पूरे नेटवर्क के लिए भी बड़ा साइबर रिस्क बन सकती है.
सरकार की सूचना सुरक्षा जागरूकता (ISEA) टीम के मुताबिक, भले ही काम के डिवाइस पर अपनी पर्सनल चैट और फाइल तक पहुंचना आसान और सुविधाजनक लगता हो, लेकिन इसके पीछे बड़ा खतरा छुपा है. दरअसल, WhatsApp Web का इस्तेमाल करने से आपके ऑफिस के एडमिनिस्ट्रेटर और आईटी टीम तक आपकी निजी बातचीत और पर्सनल फाइल पहुंच सकती हैं. यह डेटा लीक स्क्रीन मॉनिटरिंग सॉफ्टवेयर, मैलवेयर या ब्राउज़र हाइजैक जैसे तरीकों से हो सकता है.
रिपोर्ट के मुताबिक, कई कंपनियां अब WhatsApp Web को संभावित साइबर हमले का जरिया मानने लगी हैं. यह मैलवेयर और फ़िशिंग अटैक का रास्ता खोल देता है, जिससे पूरा नेटवर्क हैक हो सकता है. इतना ही नहीं, ऑफिस का वाई-फाई इस्तेमाल करने पर भी कंपनियों को कर्मचारियों के पर्सनल फोन तक आंशिक पहुंच मिल सकती है, जिससे निजी डेटा खतरे में पड़ सकता है.
सरकार ने सलाह दी है कि अगर किसी वजह से ऑफिस के लैपटॉप पर WhatsApp Web इस्तेमाल करना जरूरी हो, तो कुछ सावधानियां जरूर बरतें. जैसे, अपनी डेस्क छोड़ने से पहले WhatsApp Web से तुरंत लॉग आउट करें, अनजान नंबर से आए लिंक या अटैचमेंट न खोलें, और अपनी कंपनी की पॉलिसी को अच्छे से पढ़ लें.
फाइनेंशियल एक्सप्रेस में छपी रिपोर्ट के मुताबिक, सरकार की यह चेतावनी ऐसे समय आई है, जब कार्यस्थलों पर साइबर सुरक्षा को लेकर चिंता लगातार बढ़ रही है. विशेषज्ञों का कहना है कि छोटी-सी लापरवाही भी कंपनी के गोपनीय डेटा और कर्मचारियों की निजता पर बड़ा खतरा बन सकती है.
सरकार ने चेतावनी दी है कि ऑफिस कंप्यूटर पर WhatsApp Web का इस्तेमाल निजी चैट, फाइल और डेटा को साइबर हमलों के खतरे में डाल सकता है, जिससे पूरे नेटवर्क को नुकसान पहुंच सकता है.
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Tesla Experience Center Delhi: इलेक्ट्रिक कार बनाने वाली मशहूर कंपनी टेस्ला (Tesla) ने आखिरकार दिल्ली में अपना पहला एक्सपीरियंस सेंटर (Experience Centre) खोल दिया है. सोमवार को लॉन्च हुए इस सेंटर में कंपनी ने अपने ग्राहकों के लिए सुपरचार्जर भी लगाए हैं, जिससे टेस्ला गाड़ी के मालिक मौके पर ही अपनी कार चार्ज कर पाएंगे. यह सेंटर राजधानी के एरोसिटी (Aerocity) इलाके में वर्ल्डमार्क 3 (Worldmark 3) नाम की बड़ी कमर्शियल बिल्डिंग में खोला गया है.
यह टेस्ला का भारत में दूसरा एक्सपीरियंस सेंटर है. इससे पहले कंपनी ने मुंबई के बांद्रा कुर्ला कॉम्प्लेक्स (BKC) में पिछले महीने अपना पहला शोरूम लॉन्च किया था. दिल्ली और मुंबई दोनों ही जगहों पर कंपनी ने ऐसे बिजनेस हब चुने हैं, जहां अंतरराष्ट्रीय स्तर के कॉरपोरेट ऑफिस, एयरपोर्ट और दूतावास मौजूद हैं.
सेंटर की खासियत
दिल्ली का टेस्ला एक्सपीरियंस सेंटर लगभग 8,200 वर्ग फुट में फैला है. यह सिर्फ गाड़ियां बेचने की जगह नहीं, बल्कि एक ऐसा अनुभव केंद्र है जहां संभावित ग्राहक खरीदने से पहले टेस्ला की गाड़ियों, उनकी टेक्नोलॉजी और फीचर्स को अच्छे से समझ सकते हैं. यहां गाड़ियों की टेस्टिंग, चार्जिंग टेक्नोलॉजी, सॉफ्टवेयर अपडेट और टेस्ला की पूरी इनोवेटिव फिलॉसफी का अनुभव कराया जाएगा. कंपनी का मकसद है कि ग्राहक सिर्फ कार खरीदने से पहले ही नहीं, बल्कि बाद में भी बेहतर सुविधा और सर्विस से जुड़ा अनुभव प्राप्त करें.
सुपरचार्जर नेटवर्क की शुरुआत
टेस्ला ने अपने दिल्ली एक्सपीरियंस सेंटर में चार V4 सुपरचार्जर लगाए हैं. ये चार्जर बेहद तेज़ी से गाड़ी चार्ज करने की क्षमता रखते हैं. कंपनी का कहना है कि आने वाले समय में दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में तीन और सुपरचार्जर स्टेशन बनाए जाएंगे. इनमें से एक सुपरचार्जर गुड़गांव के डीएलएफ होराइजन सेंटर में लगाया जाएगा. सुपरचार्जर नेटवर्क टेस्ला की सबसे बड़ी ताकत मानी जाती है. अमेरिका और यूरोप में यह नेटवर्क पहले से ही काफी मजबूत है. भारत में इसके आने से ग्राहकों को लंबे सफर में भी चार्जिंग की चिंता नहीं रहेगी.
आफ्टर सेल्स सर्विस पर भी जोर
टेस्ला सिर्फ शोरूम खोलकर नहीं रुकना चाहती, बल्कि वह भारत में सर्विस कवरेज बढ़ाने की भी योजना बना रही है. कंपनी ने लॉन्चिंग के दौरान यह साफ किया कि आने वाले समय में दिल्ली और अन्य शहरों में कई तरह की सर्विस सुविधाएं शुरू होंगी.
इनमें शामिल हैं-
1. मोबाइल सर्विस: छोटी-मोटी मरम्मत के लिए कंपनी की टीम सीधे घर या ऑफिस पहुंचकर समस्या दूर करेगी.
2. रिमोट डायग्नोस्टिक्स: गाड़ी के सॉफ्टवेयर और टेक्नोलॉजी से जुड़ी दिक्कतों को ऑनलाइन ही हल किया जाएगा.
3. ऑफिशियल सर्विस सेंटर: बड़े रिपेयर और चेकअप के लिए कंपनी अपने अधिकृत सर्विस सेंटर बनाएगी.
4. थर्ड-पार्टी रिपेयर सेंटर्स: कुछ चुनिंदा ऑटो रिपेयर सेंटर्स को टेस्ला की ओर से अप्रूव किया जाएगा.
इससे ग्राहकों को भरोसा रहेगा कि उनकी गाड़ी का सर्विसिंग अनुभव सुरक्षित और असली टेस्ला पार्ट्स के साथ होगा.
भारत में अभी सिर्फ टेस्ला मॉडल Y
फिलहाल कंपनी भारत में सिर्फ एक ही कार बेच रही है. टेस्ला मॉडल Y (Tesla Model Y). इसके रियर-व्हील ड्राइव (RWD) वेरिएंट की शुरुआती कीमत 59.89 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) है. वहीं लॉन्ग रेंज RWD मॉडल की कीमत 67.89 लाख रुपये (एक्स-शोरूम) से शुरू होती है. मॉडल Y का स्टील्थ ग्रे एक्सटीरियर और ब्लैक इंटीरियर बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के उपलब्ध है लेकिन अगर ग्राहक गाड़ी के लिए अलग कलर या सफेद इंटीरियर चाहते हैं, तो उन्हें 95,000 रुपये से 1.85 लाख रुपये तक अतिरिक्त खर्च करना होगा. कंपनी का कहना है कि भारत में टेस्ला मॉडल Y की डिलीवरी 2025 की तीसरी तिमाही (July–September 2025) से शुरू होगी.
कहां-कहां खरीद सकते हैं गाड़ी?
वर्तमान में टेस्ला मॉडल Y सिर्फ दिल्ली, गुरुग्राम और मुंबई में खरीदने और रजिस्ट्रेशन के लिए उपलब्ध है. हालांकि कंपनी आने वाले समय में भारत के अन्य बड़े शहरों में भी एक्सपीरियंस सेंटर और शोरूम खोल सकती है.
भारत में टेस्ला का भविष्य
टेस्ला का भारत में लंबे समय से इंतजार किया जा रहा था. इलेक्ट्रिक व्हीकल सेगमेंट में अभी भारतीय कंपनियां और कुछ चीनी ब्रांड ज्यादा एक्टिव हैं लेकिन टेस्ला के आने से मार्केट में बड़ा बदलाव आ सकता है. भारत सरकार भी इलेक्ट्रिक व्हीकल को बढ़ावा देने के लिए कई तरह की योजनाएं चला रही है. ऐसे में उम्मीद है कि आने वाले वर्षों में टेस्ला यहां अपने दूसरे मॉडल्स जैसे मॉडल 3 और मॉडल S भी पेश कर सकती है.
दिल्ली में टेस्ला का पहला एक्सपीरियंस सेंटर खुलना भारत के इलेक्ट्रिक वाहन बाजार के लिए एक बड़ा कदम है. यह सिर्फ गाड़ियां बेचने का प्लेटफॉर्म नहीं, बल्कि ग्राहकों को एक पूरी नई तकनीकी और आधुनिक अनुभव देने की कोशिश है. सुपरचार्जर नेटवर्क, मोबाइल सर्विस और भविष्य में नई गाड़ियों की एंट्री के साथ टेस्ला भारत में अपनी मजबूत मौजूदगी दर्ज कराना चाहती है. अगर सबकुछ योजना के अनुसार चलता है, तो आने वाले समय में दिल्ली और मुंबई ही नहीं, बल्कि भारत के अन्य शहरों में भी टेस्ला की मौजूदगी बढ़ती दिखेगी.
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Samsung Galaxy S25 FE: स्मार्टफोन की दुनिया में सैमसंग का नाम हमेशा से ही भरोसे और इनोवेशन का प्रतीक रहा है. कंपनी हर साल अपनी नई फ्लैगशिप सीरीज़ के साथ ऐसे फीचर्स पेश करती है, जो लोगों की उम्मीदों को और आगे बढ़ा देते हैं. अब सैमसंग गैलेक्सी S25 सीरीज़ के बाद कंपनी जल्द ही Samsung Galaxy S25 FE को लॉन्च करने की तैयारी में है. यह स्मार्टफोन पिछले साल के गैलेक्सी S24 FE का अपग्रेडेड वर्ज़न माना जा रहा है. हाल ही में इस फोन की कुछ लीक्ड रेंडर्स सामने आई हैं, जिनसे इसके डिज़ाइन, कलर ऑप्शंस और कुछ अहम स्पेसिफिकेशंस का पता चला है.
नया डिज़ाइन और कलर ऑप्शन
लीक्ड रेंडर्स के मुताबिक, सैमसंग गैलेक्सी S25 FE का डिज़ाइन काफी हद तक गैलेक्सी S25 और S25+ जैसा होगा. फोन में फ्लैट फ्रेम डिज़ाइन दिया गया है, जिससे यह मॉडर्न और प्रीमियम लुक देता है. पीछे की तरफ एक ट्रिपल कैमरा सेटअप दिखाई दे रहा है, जो टॉप-लेफ्ट कॉर्नर पर वर्टिकल स्टाइल में लगा होगा. इसके साथ ही LED फ्लैश भी मौजूद होगा.
फ्रंट पैनल पर कंपनी ने लगभग बेज़ल-लेस डिस्प्ले दिया है, जिसमें बीच में पंच-होल कैमरा कटआउट होगा. यही डिस्प्ले डिज़ाइन इस फोन को ज्यादा स्टाइलिश और फ्यूचरिस्टिक बनाता है. जहां तक कलर ऑप्शंस की बात है, तो यह स्मार्टफोन ब्लैक, नेवी, आइस ब्लू और व्हाइट समेत पांच रंगों में उपलब्ध होगा. सबसे खास बात यह है कि इस बार पहली बार कंपनी ने गैलेक्सी S25 सीरीज़ में व्हाइट कलर ऑप्शन जोड़ा है. माना जा रहा है कि यह कलर यूज़र्स के बीच काफी लोकप्रिय होगा.
संभावित लॉन्च डेट
रिपोर्ट्स के अनुसार, सैमसंग गैलेक्सी S25 FE को 4 सितंबर 2025 को लॉन्च किया जा सकता है. यह तारीख इसलिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इसी दिन से IFA 2025 इवेंट की शुरुआत होने जा रही है और कंपनी ने इसी इवेंट के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस भी शेड्यूल की है. हालांकि, यह भी कहा जा रहा है कि इस इवेंट का फोकस आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्मार्ट होम्स पर होगा. ऐसे में आधिकारिक तौर पर अभी लॉन्च की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन अनुमान यही है कि S25 FE इसी समय पेश होगा.
संभावित स्पेसिफिकेशंस
सैमसंग गैलेक्सी S25 FE के बारे में अब तक जो जानकारी सामने आई है, उसके अनुसार यह फोन हाई-परफॉर्मेंस फीचर्स के साथ आएगा.
⦁ प्रोसेसर: इसमें कंपनी Exynos 2400 प्रोसेसर दे सकती है, जो पिछले साल के Exynos 2400e से बेहतर परफॉर्मेंस देगा.
⦁ रैम और स्टोरेज: फोन में 8GB RAM और 256GB तक इंटरनल स्टोरेज मिलने की संभावना है.
⦁ बैटरी: पावर के लिए इसमें 4,900mAh की बैटरी दी जा सकती है, जो 45W फास्ट चार्जिंग को सपोर्ट करेगी.
⦁ डिस्प्ले: यह स्मार्टफोन लगभग 6.7-इंच का सुपर AMOLED डिस्प्ले लेकर आ सकता है, जिसमें हाई रिफ्रेश रेट और बेहतर ब्राइटनेस होगी.
⦁ कैमरा: कैमरा सेटअप में एक 50 मेगापिक्सल का प्राइमरी सेंसर, 12 मेगापिक्सल का अल्ट्रा-वाइड शूटर और 8 मेगापिक्सल का टेलीफोटो लेंस शामिल होगा.
क्या होगी कीमत?
कीमत को लेकर कोई आधिकारिक जानकारी नहीं है, लेकिन लीक रिपोर्ट्स के आधार पर माना जा रहा है कि गैलेक्सी S25 FE को कंपनी प्रीमियम मिड-रेंज कैटेगरी में लॉन्च करेगी. इसकी कीमत लगभग 50,000 रुपये के आसपास हो सकती है.
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IndiGo Flight Cancellation: भारत की सबसे बड़ी एयरलाइन, इंडिगो पिछले पांच दिनों से एक गंभीर ऑपरेशनल संकट से जूझ रही है. सिस्टम फेल होने और टेक्निकल दिक्कतों के कारण, कई फ्लाइट्स कैंसिल, लेट या रीशेड्यूल हो रही हैं. इसका सीधा असर हजारों यात्रियों पर पड़ रहा है, जिन्हें एयरपोर्ट पर घंटों इंतजार करना पड़ रहा है. हालात बिगड़ने के बाद, नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने सीधे दखल दिया है और इंडिगो को सभी कैंसिल फ्लाइट्स के लिए बिना किसी देरी के रिफंड प्रोसेस करने का आदेश दिया है.
इंडिगो टिकट कैंसलेशन और रिफंड कैसे पाएं?
इंडिगो के ऑफिशियल पोर्टल पर एक नोटिस फ्लैश हो रहा है जिसमें कहा गया है कि हाल ही में कैंसिल हुई फ्लाइट्स का रिफंड ऑटोमैटिकली प्रोसेस कर दिया गया है. यह रकम आपके ओरिजिनल पेमेंट मेथड में वापस क्रेडिट कर दी जाएगी.
अगर आपने अपना टिकट इन तरीकों से बुक किया है, तो आपको इस तरह से रिफंड मिलेगा.
ऑनलाइन पेमेंट (डेबिट/क्रेडिट कार्ड/UPI) पैसे उसी बैंक अकाउंट में वापस क्रेडिट कर दिए जाएंगे.
कैश से खरीदा गया टिकट: आपको अपना रिफंड क्लेम करने के लिए उसी बुकिंग काउंटर पर जाना होगा.
ट्रैवल एजेंट के ज़रिए बुक किया गया टिकट: आपको संबंधित एजेंट से संपर्क करना होगा.
अगर आपको फिर भी रिफंड नहीं मिलता है, तो आप खुद टिकट कैंसिल करके रिफंड रिक्वेस्ट सबमिट कर सकते हैं.
इंडिगो ऐप या वेबसाइट खोलें.
मैनेज बुकिंग सेक्शन में जाएं.
अपना PNR/बुकिंग रेफरेंस और लास्ट नेम डालें.
फ्लाइट स्टेटस वेरिफाई करें.
इंडिगो आमतौर पर दो ऑप्शन देता है.
पूरा रिफंड
अगले टिकट के लिए क्रेडिट शेल / एडजस्टमेंट
रिफंड ऑप्शन चुनने पर कैंसलेशन/रिफंड पेज खुलेगा.
फॉर्म में अपना PNR, ईमेल ID और यात्री डिटेल्स भरें और सबमिट करें.
रिफंड कुछ ही दिनों में आपके अकाउंट में क्रेडिट हो जाएगा.
इस बीच, केंद्रीय मंत्री राम मोहन नायडू ने यह भी कहा कि इस संकट के लिए इंडिगो "पूरी तरह से ज़िम्मेदार" है और यात्रियों को जल्द ही राहत मिलनी चाहिए. इंडिगो ने आश्वासन दिया है कि वह जल्द ही ऑपरेशन सामान्य कर देगा, लेकिन फिलहाल, यात्रियों के लिए रिफंड और ट्रैवल प्लान बदलना ही एकमात्र ऑप्शन उपलब्ध हैं.